अमेरिका और ईरान के बीच होने वाले परमाणु समझौते को लेकर नेतन्याहू ने रखी शर्त

इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने ईरान को लेकर एक बड़ी शर्त रखी है। नेतन्याहू ने ट्रंप से साफ कहा है कि अमेरिका और ईरान के बीच होने वाले किसी भी परमाणु समझौते में तेहरान के पूरे परमाणु ढांचे को खत्म करना अनिवार्य होना चाहिए; सिर्फ यूरेनियम संवर्धन (एनरिचमेंट) रोकना पर्याप्त नहीं होगा।
समझौते को लेकर संदेह में हैं
नेतन्याहू ने कहा कि वह किसी संभावित समझौते को लेकर संदेह में हैं, लेकिन यदि कोई डील होती है तो ईरान के पास मौजूद समृद्ध यूरेनियम सामग्री देश से बाहर भेजी जानी चाहिए।
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार उन्होंने कहा- कोई भी संवर्धन क्षमता नहीं होनी चाहिए, केवल प्रक्रिया रोकना नहीं, बल्कि उन उपकरणों और बुनियादी ढांचे को ही खत्म करना होगा जो संवर्धन संभव बनाते हैं।
दूसरे दौर की होगी वार्ता
बता दें कि इस सप्ताह अमेरिका और ईरान के बीच वार्ता का दूसरा दौर प्रस्तावित है। एक ईरानी राजनयिक के मुताबिक संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ ऐसा परमाणु समझौता करने की कोशिश हो रही है जिससे दोनों देशों को आर्थिक लाभ मिले।
ईरान के विदेश मंत्रालय में आर्थिक कूटनीति के उपनिदेशक हामिद गनबरी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि समझौते की स्थिरता के लिए जरूरी है कि अमेरिका को भी त्वरित आर्थिक लाभ मिले। उन्होंने बताया कि तेल-गैस क्षेत्रों में साझा निवेश, खनन परियोजनाएं और विमान खरीद जैसे मुद्दे बातचीत का हिस्सा हैं।









