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लखनऊ में गोमती का रौद्र रूप: पॉश इलाकों में घुसा बाढ़ का पानी, हालांकि आज से जलस्तर में गिरावट की उम्मीद
लखनऊ, 8 अक्टूबर 2026: राजधानी लखनऊ में पिछले कुछ दिनों से गोमती नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने के कारण शहर के कई हिस्सों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं. भारी बारिश और ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों से पानी छोड़े जाने की वजह से नदी का पानी अब केवल निचले इलाकों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि शहर के सबसे पॉश और विकसित इलाकों में भी दाखिल हो चुका है.
हालाँकि, आज सुबह प्रशासन और स्थानीय निवासियों के लिए एक राहत भरी खबर आई है। गुरुवार सुबह 7 बजे गोमती नदी का जलस्तर 107.26 मीटर दर्ज किया गया, जो कि नदी के 108.50 मीटर के चेतावनी स्तर और 109.50 मीटर के खतरे के निशान से नीचे बना हुआ है. अधिकारियों के मुताबिक, लखनऊ से करीब 40 से 90 किलोमीटर ऊपर (नीमसार और भाटपुरवाघाट) सहायक नदियों में पानी घटने के कारण आज से लखनऊ में भी गोमती का जलस्तर धीरे-धीरे कम होने की पूरी उम्मीद है.
बाढ़ प्रभावित प्रमुख इलाके और मौजूदा स्थिति
- शहीद पथ और गोमती नगर विस्तार: बाढ़ का पानी गोमती नगर विस्तार, इकाना स्टेडियम के आसपास और फिनिक्स पलासियो मॉल (Phoenix Palassio Mall) की सर्विस लेन तक पहुंच गया है, जिसके चलते इस मार्ग पर यातायात को बंद या धीमा करना पड़ा है.
- निचली बस्तियां और रिहायशी इलाके: उत्तरी और पश्चिमी लखनऊ के फैजुल्लागंज, दाउद नगर, लोहरामऊ, मिल्लत नगर और सैथा जैसे इलाकों में सैकड़ों घरों के अंदर पानी भर गया है. नदी का बैक-फ्लो होने के कारण नालों का पानी भी रिहायशी कॉलोनियों में घुस रहा है.
- शहरी इंफ्रास्ट्रक्चर पर असर: हाल ही में बने ₹230 करोड़ के राष्ट्र प्रेरणा स्थल (Rashtra Prerna Sthal) का पार्क और म्यूजियम परिसर, गोमती रिवरफ्रंट के निचले हिस्से और भैंसाकुंड बैकुंठ धाम के दाह-संस्कार चबूतरे भी पानी में डूब गए हैं.
प्रशासन की तैयारी और राहत कार्य
मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद जिला प्रशासन हाई अलर्ट पर है और प्रभावित क्षेत्रों में मुस्तैदी से काम कर रहा है.
- बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से लोगों को निकालने के लिए 10 नावें तत्काल तैनात की गई हैं.
- फंसे हुए परिवारों को नावों के जरिए घर-घर जाकर भोजन, दवाइयां और राहत किट पहुंचाई जा रही हैं.
- दाउद नगर में एक अतिरिक्त कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है और रात में सुरक्षा व निगरानी के लिए पुलिस गश्त (Night Patrolling) बढ़ा दी गई है.
मौसम विभाग और सिंचाई विभाग स्थिति पर चौबीसों घंटे नजर रख रहे हैं। अनुमान है कि अगले 3 से 4 दिनों में पानी पूरी तरह से उतर जाएगा, जिसके बाद नगर निगम द्वारा बड़े पैमाने पर स्वच्छता और बीमारी रोकथाम (Sanitation Drive) के कदम उठाए जाएंगे.
लखनऊ में गोमती के बढ़े जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन और ट्रैफिक पुलिस ने आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर और कुछ रास्तों के लिए एडवाइजरी जारी की है।
🚥 ट्रैफिक अलर्ट और प्रभावित मार्ग
- शहीद पथ (फिनिक्स पलासियो मॉल और इकाना स्टेडियम मार्ग): गोमती का पानी पलासियो मॉल की सर्विस लेन और आसपास के रास्तों तक पहुंच जाने के कारण इस मार्ग पर जलभराव है। यातायात पुलिस ने इस रूट पर वाहनों की गति धीमी रखने या बहुत जरूरी न होने पर वैकल्पिक रास्तों (Bypass Routes) का उपयोग करने की सलाह दी है।
- गोमती रिवरफ्रंट मार्ग: नदी का पानी घाटों और रास्तों के ऊपर आ जाने के कारण रिवरफ्रंट को आम जनता के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया है।
यदि आप किसी समस्या में फंसे हैं या मदद की जरूरत है, तो इन नंबरों पर तुरंत संपर्क कर सकते हैं:
📞 बाढ़ राहत और प्रशासनिक हेल्पलाइन नंबर
- जिला आपदा प्रबंधन कंट्रोल रूम (लखनऊ): 1077 (बाढ़ सहायता और रेस्क्यू के लिए)
- राज्य बाढ़ नियंत्रण/राहत आयुक्त कार्यालय: 1070
- लखनऊ नगर निगम कंट्रोल रूम (जलभराव, नालियों की ब्लॉक होना या सफाई): 1533
- लखनऊ ट्रैफिक पुलिस हेल्पलाइन: 9454405155 (रास्तों की स्थिति और जाम की जानकारी के लिए)
- पुलिस आपातकालीन सेवा: 112
यदि जलभराव के कारण बिजली से जुड़ी कोई आपातकालीन स्थिति या शॉर्ट सर्किट का खतरा हो, तो तत्काल बिजली विभाग को सूचित करें।








