
नई दिल्ली। केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने मंगलवार को जंतर-मंतर पर हुए युवा प्रदर्शन को लेकर साफ रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि उस दौरान सुरक्षा बलों द्वारा कोई गोली नहीं चलाई गई। हजारों लोगों की भीड़ होने के बावजूद किसी प्रदर्शनकारी को गंभीर चोट नहीं पहुंची और किसी की हड्डी भी नहीं टूटी। रिजिजू ने दिल्ली पुलिस और प्रशासन की तारीफ करते हुए बताया कि इतने बड़े पैमाने के आंदोलन को बिना किसी मौत या गंभीर चोट के संभाल लिया गया। उन्होंने विपक्ष के आरोपों को खारिज किया और पूछा कि जब गोली चली ही नहीं, तो यह सवाल कैसे उठ सकता है। रिजिजू ने जेन-जी युवाओं के बारे में कहा कि ये हमारे ही बच्चे हैं। उनके साथ जुड़ाव में कोई कमी नहीं है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि भारतीय समाज में पारिवारिक मूल्य मजबूत हैं और युवाओं से बड़ों की बात सुनने की अपेक्षा रहती है। फिर भी उनकी बातें सुनना और उन्हें समझाना दोनों जरूरी है। लगातार संवाद बनाए रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि छात्रों की चिंताएं सही हैं, लेकिन कुछ राजनीतिक दल आंदोलन को अपने फायदे के लिए इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहे हैं, जो ठीक नहीं है।








