
नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने रविवार को जंतर-मंतर पर आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि दिल्ली की अदालत ने ऐतिहासिक फैसला दिया है। चार साल से प्रधानमंत्री और गृहमंत्री ने षड्यंत्र करके दिल्ली के लोगों को बहुत परेशान किया, आपके बेटे को भ्रष्टाचारी बताया। कहा अरविंद केजरीवाल चोर है और 100 करोड़ रुपए खा गया है, लेकिन अदालत ने उनके आरोपों को झुठलाया और फैसला सुनाया कि केजरीवाल ईमानदार है। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अदालत ने माना कि इस केस में कोई सबूत नहीं है और पूरा केस फर्जी है। 600 पेज का ऐतिहासिक फैसला दिया। वहीं कोर्ट से आरोपमुक्त होते ही अरविंद केजरीवाल ने बीजेपी को खुली चुनौती दे दी है।
उन्होंने बीजेपी सरकार के पिछले एक साल के कार्यकाल पर सवाल उठाते हुए कहा कि आज ही चुनाव कराकर देख लो कि कितनी सीट आएंगी। अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली में एक साल पहले भाजपा की सरकार आई थी और उसके भुक्तभोगी यहां मौजूद हैं। इन्होंने रैलियों में बड़े-बड़े जुमले दिए थे, लेकिन अब इन्होंने हजारों लोगों की नौकरियां छीन ली हैं। केजरीवाल ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री और गृहमंत्री आम आदमी पार्टी को ठिकाने लगाने के लिए पूरे केस को खुद मॉनिटर कर रहे थे और वह चाहते थे कि अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, सत्येंद्र जैन, संजय सिंह जेल से छूटने नहीं चाहिएं। अदालत का यह फैसला पूरी भाजपा के गाल पर जोरदार तमाचा है।









